Rumored Buzz on ⚠️ Galat samay par ki gayi sadhna vipreet asar bhi de sakti hai.
गुरुमुखी मंत्र और खतरनाक शक्तियों के मंत्र से और उसकी शक्ति से हम श्मशान की राख को अभिमंत्रित करते हे और उसको खास प्रकार की वशीकरण राख बनाते हे उस राख को इच्छित व्यक्ति पर फेकने से या किसी भी बहाने उसको खिला देने से वो आपके प्यार में गिरफ्तार हो जाएगी
अनुष्ठान के दौरान दिनचर्या नियमित रखें और आलस्य से बचें।
साधक, अनुष्ठान, जप के बाद भी नियमित मंत्र जप करते रहें।
शत्रु नाशक मंत्र : शत्रु नाशक काली मंत्र प्रयोग विधि और कवच
ॐ काला भैरू, कपिला केश। काना कुंडल भगवा वेष।
साधना में बताए गये अनुष्ठान के दिनों तक बिना आलस्य के प्रतिदिन जप अवश्य करें।
गुरु के छत्र-छाया में ही अनुष्ठान करें।
गुरु से शक्ति दीक्षा here अवश्य प्राप्त करें
सही स्थान और समय:- मंत्र जाप के लिए एकांत, शांत और पवित्र स्थान का चयन करें। रात्रि के शांत वातावरण में या ब्रह्म मुहूर्त में मंत्र जाप करना अधिक प्रभावी होता है।
हमारे हिंदू धर्म में ग्रहण काल का काफी महत्व बताया गया है, इसके साथ ही ग्रहण काल के दरमियान कुछ चीजों के बारे में जानकारी भी दी गई है जिसमें से सबसे मुख्य जानकारी यह है कि जब सूर्य ग्रहण या फिर चंद्रग्रहण होता है तो इसका असर हम और आप पर भी पड़ता है.
शाबर मंत्रों का सही तरीके से जप करना आवश्यक है ताकि उनकी शक्ति को पूरी तरह से महसूस किया जा सके। नीचे शाबर मंत्र जप के नियम विस्तार से बताए गए हैं।
शुद्धता और स्वच्छता का पालन:- मंत्र जाप से पहले स्नान करें और स्वच्छ वस्त्र पहनें। जाप के समय शारीरिक और मानसिक शुद्धता अनिवार्य है।
साधना काल में शुद्ध देशी घी का अखण्ड दीपक जलायें।
परिहासे करे। नयन कटाक्षी करे। आपो न हाते। परहाते।